19वीं सदी फर्नीचर के इतिहास के लिए एक आकर्षक दौर था, जो शैलियों की अविश्वसनीय विविधता, औद्योगीकरण के प्रभाव और आराम तथा उपयोगिता पर बढ़ते जोर से चिह्नित था।
कुछसबसे प्रासंगिक पहलू:
एक्लेक्टिसिज़्म (Eclecticism):
- 19वीं सदी के फर्नीचर की मुख्य विशेषताओं में से एक एक्लेक्टिसिज़्म थी। डिजाइनरों और निर्माताओं ने अतीत की ऐतिहासिक शैलियों को फिर से व्याख्यायित करके और नए तरीकों से मिलाकर उपयोग किया।
- शैलियोंका पुनरुद्धार: नियो-गॉथिक, नियो-रोकोको, नियो-इंपीरियल (नेपोलियन साम्राज्य शैली से प्रेरित), नियो-रेनेसां और अन्य जैसी शैलियों का ज़ोरदार पुनरुद्धार हुआ। इसका मतलब था कि आपको ऐसे फर्नीचर मिल सकते थे जो पिछली युगों के रूपों और अलंकरणों की नकल करते थे।
- स्पेन में इसाबेलिनो शैली: स्पेन में, इसाबेलिनो शैली (इसाबेल II के शासनकाल के दौरान) बहुत प्रसिद्ध हुई, जिसने साम्राज्य शैली के तत्वों को अपनाया लेकिन अपनी खुद की विशेषताओं के साथ, जैसे कि अधिक घनाकार रूप, मोटी ढलाई और घुमावदार पैर।