सेगुसो1397 से मुरानो में ग्लासमेकिंग का एक पारिवारिक व्यवसाय है।
1605 में, सेगुसो को मुरानो की गोल्डन बुक में दर्ज किया गया था।
इसने फ्लेवियो पोली (जो 1937 से 1963 तक निदेशक थे), विटोरियो ज़ेकिन और मारियो पिंजोनी जैसे प्रसिद्ध डिजाइनरों के साथ सहयोग किया।
आर्किमिडीज़ सेगुसो द्वारा सबसे अधिक उपयोग की जाने वाली तकनीकें थीं:
बुल्लीकैंटे (Bullicante): 1930 के दशक में मुरानो के अंदर फँसे हुए नियंत्रित और समान बुलबुले। इसमें नुकीले आंतरिक भाग वाले एक विशेष साँचे का उपयोग शामिल था, जिसने ऐसी दरारें बनाईं जहाँ कांच उड़ाने की प्रक्रिया के दौरान हवा फँस जाती थी।
उन्होंने फिलीग्राना (Filigrana) की नई व्याख्याएँ विकसित कीं, जैसे:
मेर्लेटी (फीते जैसा) और रेटोर्टोली (मुड़ी हुई छड़ें) ग्लास।
1950 और 1960 के दशक में फ्लेवियो पोली के साथ सोमर्सो (Sommerso) तकनीक ने अद्वितीय और सूक्ष्म रंग विरोधाभासों के निर्माण की अनुमति दी।
बड़े आकार की मासेलो (Massello) (ठोस ग्लास) मूर्तियां।